मुस्कुराने से कभी कुछ कम नहीं होता,
जमाना कितना खराब हो, गम नहीं होता।
हंसते हुए जीने से, जीवन फूलों सा खिलता है,
दिल के दरवाजे खुल जाते, खुशियों का आगमन होता।
मुस्कुराहट की शक्ति से, बड़े-बड़े पहाड़ भी हिलते हैं,
नफरत की आग को, प्रेम की बूंदें बुझा देती हैं।
एक मुस्कुराहट से, दिलों की दूरियां मिट जाती हैं,
अपनों के साथ का एहसास होता, जो कभी नहीं भूलता।
जीवन में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं,
लेकिन मुस्कुराहट से, हर मुश्किल आसान होती है।
हंसते-हंसते जीने से, जीवन की सारी थकान दूर होती है,
और दिल में एक नई ऊर्जा का संचार होता है।
मुस्कुराने से कभी कुछ कम नहीं होता,
बल्कि बढ़ता है आत्मविश्वास, और दिल की गहराई।
तो आइए मुस्कुराएं, और जीवन को जीएं,
हर पल को खुशियों से भर दें, अपनों के साथ बिताएं।
- सुख मंगल सिंह
वरिष्ठ साहित्यकार कवि एवं लेखक
वाराणसी वासी
अवध निवासी
Sukhmangal Singh
Powered by Froala Editor

LEAVE A REPLY