अनुपम अयोध्या धाम
राम लाल की जन्मभूमि अब दुनिया में सबसे न्यारी होगी,
अयोध्या की पावन धरा सरजू की धारा सबसे प्यारी होगी।
जहाँ राम का जन्म हुआ, वहीं राम का मंदिर होगा,
हर दिल में राम बसेंगे, हर कदम पर खुशहाली होगी।
यह पंक्तियाँ अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के बाद की खुशी और उत्साह को दर्शाती हैं। अयोध्या की पावन धरा और सरजू की धारा अब और भी पवित्र और सुंदर हो गई है, जहाँ राम का जन्म हुआ था।
हाईटेक हनुमान जी की गैलरी जनता को प्यारी होगी,
देश-विदेश से आने वाले सब की आंखों में नारी होगी।
हनुमान जी की शक्ति और भक्ति का दर्शन पाकर,
हर दिल में खुशी और शांति की लारी होगी।
यह पंक्तियाँ हनुमान जी की शक्ति और भक्ति को दर्शाती हैं, जो जनता को आकर्षित करती हैं। हाईटेक हनुमान जी की गैलरी जनता को प्यारी लगेगी, और देश-विदेश से आने वाले लोग उनकी शक्ति और भक्ति का दर्शन करके आंखों में नारी (आश्चर्य) महसूस करेंगे।
अयोध्या में अंतरराष्ट्रीय राम कथा परिषद देकर लोगों में,
राम राज्य का दृश्य सामने आने वाला दिख जाएगा।
राम लखन भरत शत्रुघ्न की जोड़ी में प्यार और अनुराग,
लोगों की हृदय में आज फुल प्यार बा प्ले उमंग आएगा।
यह पंक्तियाँ अयोध्या में आयोजित अंतरराष्ट्रीय राम कथा परिषद की महत्ता को दर्शाती हैं, जो लोगों को राम राज्य का दृश्य दिखाएगी। राम, लखन, भरत और शत्रुघ्न की जोड़ी का प्यार और अनुराग लोगों के हृदय में उमंग और प्यार भर देगा।
भगवान राम की जन्म भूमि को सभी नमन करते हैं,
साधु संत योगी- कामी भी सरजू को अर्पण करते हैं।
अयोध्या की धरा पावन है, सरजू की धारा भी प्यारी,
जहाँ राम का जन्म हुआ, वहीं राम का मंदिर सजारी।
यह पंक्तियाँ भगवान राम की जन्म भूमि अयोध्या की महत्ता को दर्शाती हैं, जहाँ साधु, संत, योगी और कामी सभी सरजू को अर्पण करते हैं। अयोध्या की धरा और सरजू की धारा दोनों ही पवित्र और प्यारी हैं, जहाँ राम का जन्म हुआ था।
कौशल राज की राजधानी रही अयोध्या धाम,
साधु संत राजनीतिज्ञ ज्ञानी करते इसे प्रणाम।
राम की जन्मभूमि, सरजू की धारा भी प्यारी,
अयोध्या की धरा पावन है, सबकी आँखों में नूरी।
यह पंक्तियाँ अयोध्या की महत्ता को दर्शाती हैं, जो कौशल राज की राजधानी रही है। साधु, संत, राजनीतिज्ञ और ज्ञानी सभी अयोध्या को प्रणाम करते हैं। राम की जन्मभूमि और सरजू की धारा दोनों ही पवित्र और प्यारी हैं, और अयोध्या की धरा सबकी आँखों में नूर भर देती है।
हिंदू धर्म के अलावा जैन तीर्थंकरों का है यह पवित्र स्थान,
जिसकी गाथा गाते हैं रामायण और जेनी पुस्तकें ज्ञान।
अयोध्या की धरा पावन है, सरजू की धारा भी प्यारी,
यहाँ के कण-कण में बसते हैं राम और तीर्थंकरों की कहानी।
यह पंक्तियाँ अयोध्या की महत्ता को दर्शाती हैं, जो हिंदू धर्म के अलावा जैन तीर्थंकरों का भी पवित्र स्थान है। रामायण और जैन पुस्तकें अयोध्या की गाथा गाती हैं, और यहाँ के कण-कण में राम और तीर्थंकरों की कहानी बसती है।
सरजू नदी पर विविध घाट जिनकी छठ निराली है,
तरह-तरह की अनुष्ठान से अयोध्या नगरी बड़ी प्यारी है।
अयोध्या की धरा पावन है, सरजू की धारा भी प्यारी,
यहाँ के कण-कण में बसते हैं राम और भक्ति की कहानी।
यह पंक्तियाँ अयोध्या की महत्ता को दर्शाती हैं, जहाँ सरजू नदी पर विविध घाट हैं और तरह-तरह की अनुष्ठान होते हैं। अयोध्या नगरी बड़ी प्यारी है, और यहाँ के कण-कण में राम और भक्ति की कहानी बसती है।
पवन पुत्र हनुमान यहां पर करते अयोध्या की रखवाली हैं,
हनुमान के दर्शन के बाद राम जन्मभूमि की बारी है।
अयोध्या की धरा पावन है, सरजू की धारा भी प्यारी,
यहाँ के कण-कण में बसते हैं राम और हनुमान की कहानी।
यह पंक्तियाँ अयोध्या की महत्ता को दर्शाती हैं, जहाँ पवन पुत्र हनुमान अयोध्या की रखवाली करते हैं। हनुमान के दर्शन के बाद राम जन्मभूमि की बारी है, और यहाँ के कण-कण में राम और हनुमान की कहानी बसती है।
कनक भवन एक सुंदर महल सीता को मुंह दिखाई में मिला,
ऐसा अद्भुत महल दुनिया में अकेला निराला स्वर्ण प्रकाश सा खिला।
राम और सीता की प्रेम कहानी यहाँ के कण-कण में बसती है,
कनक भवन की दीवारें भी उनकी प्रेम की गाथा गाती हैं।
यह पंक्तियाँ कनक भवन की महत्ता को दर्शाती हैं, जो सीता को मुंह दिखाई में मिला था। यह अद्भुत महल दुनिया में अकेला है, और यहाँ के कण-कण में राम और सीता की प्रेम कहानी बसती है।
नागेश्वर मंदिर हर की पैड़ी में जहां राम लखन करते वंदन,
अयोध्या आने वाले तीर्थ यात्रियों को शिव मंदिर से अभिनंदन।
हर की पैड़ी की धरा पावन है, सरजू की धारा भी प्यारी,
यहाँ के कण-कण में बसते हैं शिव और राम की कहानी।
यह पंक्तियाँ नागेश्वर मंदिर की महत्ता को दर्शाती हैं, जो हर की पैड़ी में स्थित है और जहाँ राम और लखन वंदन करते हैं। अयोध्या आने वाले तीर्थ यात्रियों को शिव मंदिर से अभिनंदन मिलता है, और यहाँ के कण-कण में शिव और राम की कहानी बसती है।
तुलसी चौराहा से तुलसीदास ने रामायण की रचना की,
दुनिया में भगवान राम जय मानो शिव ने संरचना की।
तुलसीदास की भक्ति और राम की महिमा को गाया,
रामायण की पंक्तियों में बसती है भक्ति और प्रेम की कहानी।
यह पंक्तियाँ तुलसी चौराहा की महत्ता को दर्शाती हैं, जहाँ तुलसीदास ने रामायण की रचना की। भगवान राम की जय और शिव की संरचना ने दुनिया में रामायण को एक अद्भुत ग्रंथ बनाया है।
अयोध्या की आधुनिक छटा लता चौक में दिखती है,
सरस्वती की अनुपम बीणा पर्यटकों को जगाती है।
लता चौक की रौनक और सरस्वती की बीणा की धुन,
अयोध्या को बनाती है एक अनोखा और आकर्षक पर्यटन स्थल।
यह पंक्तियाँ अयोध्या के लता चौक की आधुनिक छटा को दर्शाती हैं, जो पर्यटकों को आकर्षित करती है। सरस्वती की अनुपम बीणा की धुन यहाँ के वातावरण को और भी सुंदर बनाती है।
रामनवमी और दीपावली में करोड़ दीप जलाए जाते हैं,
देश दुनिया के लोगों में अनुपम दृश्य सामने दिखते हैं।
अयोध्या की धरा रोशन हो जाती है दीपों की ज्योति से,
राम की जन्मभूमि में मनाया जाता है पर्वों का उत्सव जोरो से!
तोरण द्वार रखरखाव अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा अयोध्या का निराला है,
रेलवे स्टेशन बस अड्डा यात्री निवास भी यहां का प्यार है।
अयोध्या की सजावट और सुविधा का है यह सब प्रमाण,
पर्यटकों के लिए बना है यह पवित्र शहर एक आराम का स्थान।
- सुख मंगल सिंह
वरिष्ठ साहित्यकार कवि एवं लेखक
वाराणसी वासी
अवध सिंह
Sukhmangal Singh
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