रंग बिरंगे गुब्बारे लगते है मुझको प्यारे..
लाल,पीला,हरा ,नीला,लग रहे है आसमान में यह कितने न्यारे...
पापा मुझको दिला दो ना यह गुब्बारे सारे ??
उमंग भर जाते है दिलो में यह उड़ते हुए गुब्बारे ..
हवा से जैसे बात कर रहे है यह गुब्बारे....
यह गुब्बारे बादलों में जैसे भर रहे हो हर रंग ...
मुझको भी खूब खेलना है इन् गुब्बारों के संग ....
पापा मुझको दिला दो ना यह गुब्बारे सारे ??
Written by Sanchita
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